स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
अब जिला मुख्यालय आने की आवश्यकता नहीं, स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
रतलाम 11 अगस्त 2026/ आमजन को उनकी समस्याओं के निराकरण के लिए जिला मुख्यालय तक अनावश्यक रूप से आने की परेशानी से राहत दिलाने तथा प्रशासन को नागरिकों के अधिक निकट लाने के उद्देश्य से कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री अजय कटेसरिया ने जिले में जनसुनवाई व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। अब प्रत्येक मंगलवार को प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक जिले के सभी जिला स्तरीय, अनुविभागीय, तहसील, विकासखण्ड, जनपद पंचायत, नगरीय निकाय एवं अन्य शासकीय कार्यालयों में विकेन्द्रीकृत जनसुनवाई आयोजित की जाएगी।
कलेक्टर श्री अजय कटेसरिया ने जारी आदेश में कहा है कि शासन द्वारा नागरिकों की समस्याओं एवं शिकायतों के त्वरित, प्रभावी एवं संवेदनशील निराकरण के लिए प्रत्येक मंगलवार जनसुनवाई आयोजित करने के निर्देश पूर्व से प्रभावशील हैं। जिले में अब तक जिला मुख्यालय पर केंद्रीकृत जनसुनवाई की व्यवस्था प्रचलित थी, लेकिन इसकी समीक्षा में यह पाया गया कि दूरस्थ ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों से आने वाले नागरिकों को अपनी समस्या रखने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी। इससे समय, धन एवं श्रम की अनावश्यक हानि होती थी। विशेष रूप से किसानों, श्रमिकों, महिलाओं, वृद्धजनो, दिव्यांगजनों एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों को अतिरिक्त कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था।
स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
कलेक्टर श्री कटेसरिया ने बताया कि जिला स्तरीय जनसुनवाई में प्राप्त अधिकांश आवेदन अंततः निराकरण के लिए संबंधित विभाग, अनुविभाग, तहसील, जनपद पंचायत, नगरीय निकाय अथवा मैदानी कार्यालयों को ही भेजे जाते हैं। ऐसे में पहले नागरिकों को जिला मुख्यालय बुलाकर आवेदन प्राप्त करना और बाद में उसी आवेदन को संबंधित कार्यालय भेजना प्रशासन एवं नागरिक दोनों के समय और संसाधनों का सर्वोत्तम उपयोग नहीं है। इसलिए अब स्थानीय स्तर पर ही समस्याओं के समाधान को प्राथमिकता दी जाएगी।
स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
जारी निर्देशों के अनुसार प्रत्येक कार्यालय प्रमुख स्वयं जनसुनवाई में उपस्थित रहेंगे तथा नागरिकों से आवेदन प्राप्त कर यथासंभव मौके पर ही उनका निराकरण करेंगे। अपरिहार्य परिस्थिति में सक्षम वरिष्ठ अधिकारी को अधिकृत किया जाएगा। प्रत्येक कार्यालय में जनसुनवाई का स्थान स्पष्ट रूप से निर्धारित किया जाएगा तथा सूचना-पटल पर “जनसुनवाई – प्रत्येक मंगलवार, प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक” प्रदर्शित किया जाएगा। साथ ही स्थानीय स्तर पर इसका व्यापक प्रचार-प्रसार भी सुनिश्चित किया जाएगा।
स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
जनसुनवाई में प्राप्त प्रत्येक आवेदन का निर्धारित पंजी में पंजीयन किया जाएगा तथा आवेदक को पावती प्रदान की जाएगी। आवेदन पर की गई कार्रवाई, उसकी वर्तमान स्थिति एवं अंतिम निराकरण का पूरा अभिलेख संधारित किया जाएगा। जिन मामलों का समाधान संबंधित अधिकारी के स्तर पर संभव होगा, उनका निराकरण उसी स्तर पर प्राथमिकता से किया जाएगा तथा अनावश्यक रूप से आवेदन जिला मुख्यालय अथवा उच्च कार्यालयों को प्रेषित नहीं किए जाएंगे। केवल ऐसे प्रकरण, जिनमें जिला स्तर पर निर्णय, विभिन्न विभागों के समन्वय, नीतिगत मार्गदर्शन अथवा कलेक्टर स्तर के हस्तक्षेप की आवश्यकता होगी, उन्हें समुचित प्रतिवेदन सहित जिला कार्यालय भेजा जाएगा।
स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
कलेक्टर श्री कटेसरिया ने कहा कि वर्तमान में राज्य शासन द्वारा संचालित “जनविश्वास” कार्यक्रम के अंतर्गत प्रत्येक शुक्रवार अधिकारी मैदानी क्षेत्रों में पहुंचकर नागरिकों से प्रत्यक्ष संवाद कर उनकी समस्याओं का निराकरण कर रहे हैं। इसी भावना के अनुरूप मंगलवार की जनसुनवाई को भी नागरिकों के निकटतम सक्षम कार्यालय में प्रभावी बनाया जा रहा है, जिससे प्रशासन और जनता के बीच सीधा संवाद मजबूत होगा तथा शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित किया जा सकेगा।
उन्होंने अनुविभागीय अधिकारियों (राजस्व) एवं जिला अधिकारियों को अपने अधीनस्थ कार्यालयों में जनसुनवाई व्यवस्था की नियमित समीक्षा एवं सतत पर्यवेक्षण के निर्देश दिए हैं। जिला स्तर से भी विकेन्द्रीकृत जनसुनवाई की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी तथा आवश्यकता अनुसार अधिकारियों की उपस्थिति एवं आवेदनों के निराकरण की स्थिति का आकस्मिक सत्यापन कराया जाएगा। अनावश्यक विलंब अथवा केवल एक कार्यालय से दूसरे कार्यालय में आवेदन अग्रेषित करने की प्रवृत्ति स्वीकार नहीं की जाएगी।
स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
कलेक्टर श्री अजय कटेसरिया ने स्पष्ट किया कि किसी भी नागरिक को ऐसे कार्य के लिए जिला मुख्यालय आने हेतु बाध्य नहीं किया जाएगा, जिसका निराकरण संबंधित तहसील, अनुविभाग, विकासखण्ड, नगरीय निकाय अथवा विभागीय कार्यालय के स्तर पर किया जा सकता है। जनसुनवाई के दौरान नागरिकों के साथ शिष्ट, संवेदनशील एवं सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करने के साथ बैठने, पेयजल एवं अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था भी अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाएगी।
स्थानीय स्तर पर ही सुनी जाएंगी समस्याएं और होगा त्वरित निराकरण
कलेक्टर श्री अजय कटेसरिया ने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य नागरिकों को कार्यालयों के चक्कर लगवाना नहीं, बल्कि शासन एवं प्रशासन को नागरिकों के अधिक निकट पहुंचाकर सुशासन, पारदर्शिता और जनविश्वास को मजबूत करना है। इससे आमजन की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर त्वरित एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित होगा तथा प्रशासनिक व्यवस्था अधिक उत्तरदायी और जनहितैषी बनेगी।
